राजधानी भोपाल में रिटायर्ड जज की बहू ट्विशा शर्मा की मौत का मामला लगातार तूल पकड़ता जा रहा है। मामले में जहां एक तरफ पुलिस ने जांच के लिए विशेष जांच टीम (SIT) बनाई है, वहीं सोशल मीडिया पर ट्विशा और उनकी सहेली मीनाक्षी के बीच हुई आखिरी इंस्टाग्राम चैट लीक हो गई है, जिसने प्रताड़ना के आरोपों को और पुख्ता कर दिया है। मौत के फंदे पर झूलने से कुछ समय पहले ट्विशा ने अपनी सहेली से अपनी आपबीती शेयर की थी। इस चैट में ट्विशा का दर्द साफ छलक रहा है। उसने लिखा, ‘मैं फंस गई हूं यार, बस तू मत फंसना। ज्यादा बात नहीं कर सकती। जब सही समय आएगा, तब मैं कॉल करूंगी।’
ट्विशा की बात सुनकर चिंतित मीनाक्षी ने जवाब दिया, ‘मुझे तुम्हारी चिंता हो रही है, टुकटुक (ट्विशा का निकनेम)। मैं तुमसे प्यार करती हूं, बहुत ज्यादा प्यार करती हूं। मैं तुम्हारे साथ हूं।’ यह चैट साबित करता है कि डेटिंग ऐप के जरिए साल 2024 में मिले वकील समर्थ सिंह से दिसंबर 2025 में प्रेम विवाह करने के बाद ट्विशा बेहद मानसिक और शारीरिक तनाव से गुजर रही थीं।
ट्विशा को न्याय दिलाने के लिए नोएडा से भोपाल पहुंचे उनके माता-पिता और भाई (जो सेना में मेजर हैं) मुख्यमंत्री मोहन यादव के आवास के बाहर धरने पर बैठ गए हैं। परिवार का कहना है कि ट्विशा की हत्या की गई है और रसूखदार न्यायिक परिवार होने के कारण सबूत मिटाने की कोशिश की जा रही है। परिवार निष्पक्षता के लिए ट्विशा के शव का दोबारा पोस्टमॉर्टम कराने की मांग पर अड़ा हुआ है। गतिरोध के बीच ट्विशा के पिता ने सीएम आवास के भीतर मुख्यमंत्री मोहन यादव से मुलाकात कर अपनी व्यथा सुनाई और मामले में हस्तक्षेप करने की गुहार लगाई।
मामले की गंभीरता और बढ़ते वीआईपी दबाव को देखते हुए भोपाल पुलिस ने रिटायर्ड जज गिरिबाला सिंह और उनके वकील बेटे समर्थ सिंह पर लगे आरोपों की जांच के लिए 6 सदस्यों वाली विशेष जांच टीम (SIT) का गठन किया है। सहायक पुलिस आयुक्त (ACP) रजनीश कश्यप को इस एसआईटी का प्रमुख बनाया गया है। टीम में एक महिला पुलिस अधिकारी को भी शामिल किया गया है। एसआईटी मुख्य रूप से दहेज उत्पीड़न, शारीरिक हिंसा और ट्विशा की मौत के तुरंत बाद सबूत मिटाने के कथित प्रयासों के आरोपों की सघन जांच करेगी।
इस बीच कानूनी मोर्चे पर भी सरगर्मियां तेज हैं। भोपाल की एक अदालत ने शुक्रवार को मृतका की सास और सेवानिवृत्त जज गिरिबाला सिंह को अग्रिम जमानत दे दी है। मुख्य आरोपी पति समर्थ सिंह की गिरफ्तारी से पहले की जमानत (अग्रिम जमानत) अर्जी पर सुनवाई 18 मई को होनी है। पुलिस की कई टीमें फरार समर्थ सिंह की तलाश में लगातार दबिश दे रही हैं।