भारत के टेस्ट क्रिकेट के भरोसेमंद बल्लेबाज चेतेश्वर पुजारा को क्रिकेट के सबसे प्रतिष्ठित संस्थानों में से एक मैरीलेबोन क्रिकेट क्लब (MCC) की मानद आजीवन सदस्यता से सम्मानित किया गया है।
यह सम्मान उन खिलाड़ियों को दिया जाता है जिन्होंने अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में अपने प्रदर्शन और योगदान से विशेष पहचान बनाई हो। पुजारा इस सम्मान के पात्र बने।
पुजारा ने क्या कहा?
इस उपलब्धि पर अपनी खुशी जाहिर करते हुए पुजारा ने कहा, ‘एमसीसी की मानद आजीवन सदस्यता मिलना मेरे लिए बहुत बड़ा सम्मान है। यह मेरे करियर के सबसे यादगार पलों में से एक है।’
उन्होंने कहा कि हर क्रिकेटर लॉर्ड्स में खेलने का सपना देखता है, क्योंकि इसे क्रिकेट का घर कहा जाता है। ऐसे प्रतिष्ठित क्लब का आजीवन सदस्य बनना उनके लिए गर्व और सौभाग्य की बात है।
‘मेहनत को मिली पहचान’
पुजारा ने आगे कहा कि जब वर्षों की मेहनत और खेल के प्रति समर्पण को इस तरह की पहचान मिलती है, तो वह एहसास बेहद खास होता है।
उन्होंने कहा कि यह सम्मान उन्हें आगे भी क्रिकेट के प्रति अपना योगदान जारी रखने के लिए प्रेरित करेगा।
‘क्रिकेट का घर’ लॉर्ड्स
पुजारा ने लॉर्ड्स को क्रिकेट का घर बताया। यह वही मैदान है जहां हर क्रिकेटर खेलना चाहता है।
MCC की सदस्यता को क्रिकेट जगत में सबसे बड़े सम्मानों में से एक माना जाता है। यह उन खिलाड़ियों को दिया जाता है जिन्होंने खेल में अमिट छाप छोड़ी है।
पुजारा का शानदार करियर
चेतेश्वर पुजारा ने 2010 में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ अपना टेस्ट डेब्यू किया था। उन्होंने 2023 तक भारत के लिए टेस्ट क्रिकेट खेला।
उन्होंने 103 टेस्ट मैचों में 7195 रन बनाए, जिसमें 19 शतक और 35 अर्धशतक शामिल हैं। उनका सर्वोच्च टेस्ट स्कोर 206* रन है।
ऑस्ट्रेलिया में ऐतिहासिक जीत के हीरो
पुजारा 2018-19 बॉर्डर-गावस्कर ट्रॉफी में 521 रन बनाकर भारत की ऑस्ट्रेलिया में ऐतिहासिक टेस्ट सीरीज जीत के हीरो रहे।
उनकी धैर्यपूर्ण बल्लेबाजी और शांत स्वभाव ने उन्हें टीम का भरोसेमंद बल्लेबाज बनाया।
यह सम्मान क्यों है खास?
MCC की मानद आजीवन सदस्यता किसी भी क्रिकेटर के करियर की सबसे बड़ी उपलब्धियों में से एक है। यह उनके खेल के प्रति समर्पण और योगदान को मान्यता देता है।
पुजारा का नाम अब उन महान खिलाड़ियों की सूची में शामिल हो गया है जिन्हें यह सम्मान मिला है।