भोपाल | मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल से एक रोंगटे खड़े कर देने वाली खबर सामने आई है। भोपाल के रातीबड़ पुलिस स्टेशन (Ratibad Police Station) इलाके के सूरज नगर (Suraj Nagar) में स्थित निवास पर 1982 बैच के 70 वर्षीय रिटायर्ड आईएएस अधिकारी राकेश अग्रवाल (Rakesh Agrawal) की गला रेतकर बेरहमी से हत्या कर दी गई। बुधवार सुबह करीब 5 बजे हुई इस वारदात से पूरे प्रशासनिक अमले और राजनीतिक गलियारों में हड़कंप मच गया है। पुलिस को शक है कि इस जघन्य हत्याकांड को उनके नए नौकर ने अंजाम दिया है, जो घटना के बाद से ही फरार है।
क्या है पूरा मामला?
असिस्टेंट पुलिस कमिश्नर (ACP) अंकिता खातरकर (Ankita Khatarkar) ने मीडिया को जानकारी देते हुए बताया कि वारदात के समय रिटायर्ड आईएएस राकेश अग्रवाल अपनी पत्नी के साथ घर में मौजूद थे। उनकी पत्नी दूसरे कमरे में सो रही थीं। शुरुआती जांच में वरुण (Varun) नाम के घरेलू नौकर पर मुख्य संदेह जताया जा रहा है, जिसे महज दो दिन पहले ही काम पर रखा गया था। वारदात के बाद से ही वह गायब है। चौंकाने वाली बात यह भी सामने आई कि घर में कुकिंग गैस की नॉज़ल खुली पाई गई। फोरेंसिक टीम (Forensic Team) और क्राइम ब्रांच (Crime Branch) की विशेष टीमों ने घटनास्थल से साक्ष्य जुटाए हैं। आसपास के सभी CCTV फुटेज खंगाले जा रहे हैं। पुलिस निजी रंजिश, लूटपाट और अन्य सभी पहलुओं से मामले की पड़ताल कर रही है।
कौन थे राकेश अग्रवाल?
2 जून 1956 को पंजाब में जन्मे राकेश अग्रवाल 1982 में मध्य प्रदेश कैडर के आईएएस अधिकारी बने थे। शैक्षिक रूप से वह LLB, पॉलिटिकल साइंस में पोस्ट-ग्रेजुएट और MBA थे। अपने लंबे और बेदाग प्रशासनिक सफर में उन्होंने कई जिलों के कलेक्टर, शासन के विभिन्न महत्वपूर्ण विभागों में सचिव और प्रमुख सचिव के पद पर सेवाएं दीं। उनकी आखिरी पोस्टिंग भोपाल स्थित आरसीपीवी नरोन्हा प्रशासन एवं प्रबंधकीय अकादमी (RCPV Naronha Academy) में महानिदेशक (Director General) के पद पर थी। उनके परिवार में उनकी पत्नी और एक बेटा है, जो एक यूरोपीय देश में कार्यरत है। पारिवारिक सूत्रों के अनुसार उनका अंतिम संस्कार शनिवार को किया जाएगा।
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राजनीतिक घमासान: CM का कड़ा रुख, Congress का हमला
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘X’ पर CM मोहन यादव (Mohan Yadav) ने दुख व्यक्त करते हुए लिखा कि पुलिस महानिदेशक (DGP) को पूरे मामले पर खुद नजर रखने के निर्देश दिए गए हैं। दोषियों की पहचान कर सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी और किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा।
नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार (Umang Singhar) ने कहा कि राजधानी में एक पूर्व आईएएस अधिकारी की घर में हत्या यह दर्शाती है कि राज्य में कानून-व्यवस्था (Law and Order) पूरी तरह चरमरा चुकी है और अपराधी बेखौफ हैं। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी (Jitu Patwari) ने गृह विभाग संभाल रहे मुख्यमंत्री पर निशाना साधते हुए सरकार और पुलिस तंत्र की कार्यप्रणाली पर कड़े सवाल उठाए।