होली का त्योहार पास आते ही जहन में होली से जुड़े गाने अपने आप चलने लगते हैं। कुछ गाने तो ऐसे हैं जो कई सालों से सुने जा रहे हैं, लेकिन उनका जुनून लोगों में आज भी उतना ही बरकरार है। ऐसा ही एक सदाबहार गाना है फिल्म ‘शोले’ (Sholay) का ‘होली के दिन दिल खिल जाते हैं, रंगों में रंग मिल जाते हैं’ । धर्मेंद्र और हेमा मालिनी पर फिल्माया गया ये गाना हर होली पार्टी में सुनाई दे ही जाता है। चलिए आपको बताते हैं इस गाने और फिल्म से जुड़ी कुछ दिलचस्प बातें।
50 साल बाद भी उतनी ही हिट है ये क्लासिक होली
हर साल होली पर कई नए गाने रिलीज होते हैं, लेकिन 1975 में रिलीज हुई ‘शोले’ का यह गाना आज भी लोगों की पहली पसंद बना हुआ है। इस गाने में धर्मेंद्र और हेमा मालिनी बड़े नटखट अंदाज में एक-दूसरे के साथ होली खेलते नजर आ रहे हैं। वहीं दूसरी तरफ अमिताभ बच्चन और जया बच्चन दूर से ही एक-दूसरे को देखते रह जाते हैं। हालांकि, गाना खत्म होते ही गांव पर डाकू गब्बर सिंह के आदमियों का हमला हो जाता है और होली के रंग में भंग पड़ जाता है। फिल्म का सीक्वेंस जैसा भी हो, लेकिन ये गाना सच में अमर है।
धर्मेंद्र ने नहीं किया था मेकअप
इस फिल्म से जुड़ा एक बेहद दिलचस्प किस्सा यह है कि धर्मेंद्र (Dharmendra) पूरी फिल्म में बिना मेकअप के नजर आए थे। IMDb पर दी गई जानकारी के मुताबिक, फिल्म में वीरू का किरदार निभाने वाले धर्मेंद्र की यही सादगी और बिना मेकअप की दमदार स्क्रीन प्रेजेंस दर्शकों को इतनी पसंद आई कि वे उनके हैंडसम लुक्स के दीवाने हो गए।
2000 से ज्यादा दिनों तक चली थी फिल्म, बनाए थे कई रिकॉर्ड
‘शोले’ उस दौर की ऐसी ऐतिहासिक फिल्म बनी जिसने भारतीय सिनेमा में कामयाबी के नए कीर्तिमान स्थापित किए। यह अपने समय की पहली फिल्म थी जो पूरे देश के सिनेमाघरों में लगातार 100 दिनों (100 Days) तक चली। इतना ही नहीं, मुंबई के एक थिएटर में इस फिल्म ने 2000 से ज्यादा दिनों (2000 Days) तक लगातार चलने का अनोखा रिकॉर्ड भी बनाया। अमिताभ बच्चन, हेमा मालिनी, जया बच्चन, धर्मेंद्र, अमजद खान और संजीव कुमार जैसे दिग्गजों से सजी इस फिल्म को दर्शक आज भी उतने ही चाव से देखते हैं जितना पहले देखा करते थे।