साउथ सुपरस्टार राम चरण की बहन और चिरंजीवी की बेटी श्रीजा कोनिडेला ने अपनी निजी जिंदगी में काफी उथल-पुथल देखी है। उन्होंने अब अपने मेंटल हेल्थ स्ट्रगल्स को लेकर खुलकर बात की है।
श्रीजा ने बताया कि हाल ही में उन्होंने खुद को संभाला और विक्टिम मोड से बाहर निकलने का फैसला किया। उनकी इस ईमानदारी ने कई लोगों का ध्यान खींचा है।
सेल्फ-डेवलपमेंट ग्रुप ने बदली जिंदगी
श्रीजा ने अपने इंस्टाग्राम हैंडल पर एक वीडियो शेयर किया, जिसमें उन्होंने अपनी इमोशनल जर्नी के बारे में बात की। उन्होंने बताया कि 15 महीने के एक ‘सेल्फ-डेवलपमेंट ग्रुप’ ने उन्हें लाचारी के एहसास से बाहर निकलकर खुद को मजबूत बनाने में मदद की।
इस ग्रुप ने उन्हें सिखाया कि कैसे अपने दर्द को स्वीकार किया जाए और उससे आगे बढ़ा जाए। यह उनके जीवन का टर्निंग पॉइंट रहा।
‘मुझे लगता था मेरे साथ ही क्यों हो रहा है’
वीडियो में श्रीजा ने उस भावनात्मक उथल-पुथल के बारे में बताया, जिसका उन्होंने सामना किया। उन्होंने कहा- मैं एक कशमकश में फंसी हुई थी। मुझे लग रहा था कि मेरे साथ ही ऐसा क्यों हो रहा है।
उन्होंने आगे कहा- मुझे इतना दर्द क्यों सहना पड़ रहा है? मुश्किलें एक के बाद एक क्यों आ रही हैं? मैंने ऐसा क्या किया है, जो मुझे यह सब भुगतना पड़ रहा है? ये सवाल उन्हें लगातार परेशान करते रहे।
‘दर्द ही बन गई थी मेरी पहचान’
श्रीजा ने आगे कहा कि एक समय पर उनकी पहचान उनके दर्दनाक अतीत से बन गई थी। वह बोलीं- जिंदगी में ज्यादातर वक्त मैंने खुद को अपने दर्द, अपने अतीत और अपनी कठिनाइयों से जोड़कर देखा।
उन्होंने कहा- मेरे लिए मेरी पहचान उन सभी चीजों से बनी थी, जो मेरी जिंदगी में गलत हुई थीं। लेकिन अब मैं उससे आगे बढ़कर देखना शुरू कर रही हूं।
दर्द अब भी है, लेकिन मैं सिर्फ वही नहीं हूं
श्रीजा ने साफ किया कि उनका दर्द पूरी तरह खत्म नहीं हुआ है, लेकिन अब वह उस दर्द से अपनी पूरी पहचान नहीं बनातीं। उन्होंने कहा- हां, मेरा दर्द अभी भी मेरे अंदर मौजूद है, लेकिन मैं सिर्फ वही नहीं हूं।
उन्होंने आगे कहा- एक इंसान में और भी बहुत कुछ होता है और उन पहलुओं को खोजना मेरे लिए इस सफर के सबसे खूबसूरत हिस्सों में से एक रहा है। यही उनकी ताकत बनी।
19 की उम्र में घर से भागकर रचाई थी शादी
श्रीजा की निजी जिंदगी अक्सर सुर्खियों और आलोचनाओं से भरी रही। साल 2007 में वह 19 साल की उम्र में अपने बॉयफ्रेंड शिरीष भारद्वाज के साथ घर से भाग गई थीं।
उन्होंने हैदराबाद के एक आर्य समाज मंदिर में बॉयफ्रेंड के साथ गुपचुप शादी कर ली। यह रिश्ता मीडिया की सुर्खियों में आ गया था, क्योंकि वह ‘कोनिडेला परिवार’ से ताल्लुक रखती हैं।
पहली शादी में झेले दहेज उत्पीड़न के दर्द
शादी के एक साल बाद 2008 में श्रीजा ने एक बेटी को जन्म दिया। हालांकि, फिर उनकी शादी में मुश्किलें आने लगीं।
2011 में श्रीजा ने शिरीष और उनके परिवार के खिलाफ दहेज उत्पीड़न का मामला दर्ज करा दिया। साल 2014 में दोनों तलाक लेकर अलग हो गए। यह उनके जीवन का बहुत दर्दनाक दौर था।
पहले पति का निधन, दूसरी बार भी बिखरा घर
शिरीष भारद्वाज ने तलाक के बाद राजनीति में कदम रखा और बाद में दूसरी शादी कर ली। साल 2019 में, हैदराबाद के एक निजी अस्पताल में बीमारी के कारण उनका निधन हो गया।
यह श्रीजा के लिए एक और बड़ा झटका था, भले ही वह उनसे अलग हो चुकी थीं। फिर भी अपने बच्चे के पिता की मौत ने उन्हें अंदर से तोड़ दिया।
दूसरी शादी भी नहीं चल सकी
पहली शादी असफल होने के बाद श्रीजा ने 2016 में कल्याण देव से दूसरी शादी कर ली। कल्याण देव एक मशहूर एक्टर हैं और श्रीजा के बचपन के दोस्त भी थे।
शादी के कुछ साल बाद इस कपल ने एक बेटी का स्वागत किया। लेकिन दुर्भाग्य से साल 2022 में उनके अलग होने की अफवाहें सुर्खियों में आने लगीं।
इंस्टाग्राम के जरिए की तलाक की पुष्टि
अफवाहों के बीच कल्याण देव ने आधिकारिक तौर पर इंस्टाग्राम के जरिए अपने तलाक की पुष्टि की थी। उन्होंने बताया कि उन्होंने और श्रीजा ने आपसी सहमति से अलग होने का फैसला किया है।
यह दूसरी बार था जब श्रीजा की शादी टूटी। इस बार भी वह टूटकर बिखर गईं, लेकिन अपने अंदर की ताकत को पहचाना।
दोनों शादियों से हैं दो बेटियां
श्रीजा को अपनी पहली शादी से एक बेटी है और दूसरी शादी से एक बेटी है। यानी वह दो बेटियों की मां हैं।
उनकी दोनों बेटियां ही उनकी सबसे बड़ी ताकत हैं। श्रीजा ने उनके लिए ही खुद को संभाला और जिंदगी में आगे बढ़ने का फैसला किया।
सेल्फ हीलिंग ही बनी उनकी ताकत
श्रीजा ने अपने दर्द से बाहर निकलने के लिए सेल्फ हीलिंग का सहारा लिया। उन्होंने खुद पर काम किया और धीरे-धीरे अपने जख्मों को भरा।
उनकी यह कहानी कई उन लोगों के लिए प्रेरणा है, जो अपनी जिंदगी में मुश्किलों का सामना कर रहे हैं। श्रीजा ने साबित किया कि टूटने के बाद भी उठा जा सकता है।
परिवार का सहारा भी मिला
चाहे राम चरण हों या चिरंजीवी, पूरे परिवार ने श्रीजा की मुश्किलों में उनका साथ दिया। परिवार का प्यार और सपोर्ट ही उनकी सबसे बड़ी ताकत रहा।
श्रीजा ने कभी भी अपने परिवार के नाम पर कोई उम्मीद नहीं लगाई, लेकिन उनके परिवार ने हर कदम पर उनका साथ दिया। यही एक स्टार परिवार होने की खूबसूरती है।
अब जी रही हैं अपनी जिंदगी
श्रीजा ने अब अपने अतीत को पीछे छोड़ा है। वह अपनी बेटियों के साथ खुश हैं और जिंदगी को नए सिरे से जी रही हैं।
वह अब सोशल मीडिया पर अपनी दिनचर्या की तस्वीरें साझा करती हैं और लोगों को मेंटल हेल्थ के प्रति जागरूक करती हैं। उनका कहना है कि जिंदगी में उतार-चढ़ाव आते रहते हैं, जरूरी है उनसे उबरने की ताकत रखना।BD268xz